इंदौर। समझाइश का एक और मौका देने के बाद भी नहीं मानने वाले आठ बागियों को भाजपा ने बाहर का रास्ता दिखा दिया है। सभी को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से 6 वर्ष के निष्कासित करने के साथ ही 10 वर्ष तक पार्टी के संवैधानिक पद ग्रहण करने पर भी रोक लगा दी गई है।
टिकट वितरण के बाद से भाजपा को कार्यकर्ताओं के भारी असंतोष का सामना करना पड़ रहा था। टिकट नहीं मिलने से नाराज कार्यकर्ताओं ने पार्टी लाइन के खिलाफ जाकर निर्दलीय नामांकन फार्म जमा करवा दिए थे। तीन दिन पहले भाजपा ने 4 बागियों पर निष्कासन की कार्रवाई की थी।
अन्य बागियों को यह संदेश भी दिया था कि अब भी मान जाए वरना दूसरी सूची में उनका नाम होगा। बागियों पर जब कोई असर नहीं हुआ तो मंगलवार को भाजपा ने 8 और बागियों को पार्टी से निष्कासित कर दिया है। नगर अध्यक्ष कैलाश शर्मा ने बताया कि
वार्ड 74 से कमल वर्मा,
वार्ड 59 से मनोज लोडें,
वार्ड अतुल आठले,
वार्ड 16 मुकेश बाबा दीक्षित,
वार्ड 14 से सतीश गुप्ता,
वार्ड 11 से जीतू मलोरिया,
वार्ड 17 से विनय कुशवाह,
और वार्ड 3 से गोविंद कुशवाह
को निष्कासित किया गया है। निष्कासित किए गए भाजपा कार्यकर्ताओं में से 5 एक नंबर विधानसभा क्षेत्र से हैं और टिकट नहीं मिलने से नाराज होकर निर्दलीय मैदान में उतरे हैं।