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आलोक अग्रवाल ने प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान विधानसभा के 118 विधायक ऐसे हैं, जो लाभ के पद पर पदस्थ हैं और उनकी विधानसभा सदस्यता समाप्त किए जाने योग्य हैं। अलोक अग्रवाल का कहना है कि इस संबंध में उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों के साथ राज्यपाल रामनरेश यादव के समक्ष भारतीय संविधान के अनुच्छेद 191 (1) (क) अनुच्छेद 192 और लोकप्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 के तहत लिखित में शिकायत दर्ज कराई है।
आलोक अग्रवाल का कहना है कि आज सोमवार को प्रदेश के कुल 118 विधायकों की सूची शिकायत पत्रों के साथ सौंपी गई है, जिसमें से 116 विधायक मध्यप्रदेश के विभिन्न कालेजों में जनभागीदारी समिति के सदस्य हैं। आलोक अग्रवाल का कहना है कि विधायकों के दल के दो सदस्यों में पारस जैन और दीपक जोशी भी भारत स्काउट गाइड के पदाधिकारी हैं, जो लाभ के पद के दायरे में आता है। सभी 118 विधायक जिन पदों पर पदस्थ हैं, उनका उल्लेख मध्यप्रदेश विधानसभा मंडल सदस्य निर्हरर्ता निवारण अधिनियम 1967 में भी नहीं किया गया है। यही कारण है कि आप पदाधिकारियों ने राज्यपाल से सभी 118 विधायकों की सदस्यता तत्काल रद्द कराए जाने की मांग की है।