
याचिकाकर्ता ने याचिका में ये आरोप लगाया है कि उसने खुद अपनी आंखों से आसाराम और उसके बेटे नारायण साईं को बच्चे की लाश के साथ तंत्र-मंत्र करते देखा है।
गौर हो कि नाबालिग से यौन उत्पीड़न के आरोप में जोधपुर पुलिस ने 31 अगस्त 2013 को आसाराम को गिरफ्तार किया था और तभी से वो जेल में है। ये नाबालिग आसाराम के आश्रम में ही रहती थी। इस मामले में अब तक 9 गवाहों पर हमला हो चुका है और 2 गवाहों की मौत हो चुकी है।