
मिश्रा ने कहा कि चंद्रावत के खिलाफ कार्यवाही के लिए पर्याप्त साक्ष्य हैं क्योंकि उस कार्यक्रम में स्थानीय सांसद और विधायक भी मौजूद थे। मिश्रा का यह भी कहना है कि संघ प्रमुख मोहन भागवत यह स्पष्ट करें कि अपने ही प्रचारक सुनील जोशी की हत्या करने वाली इस विचारधारा को क्या यही चरित्र सौगातों में मिला है? क्या संघ चंद्रावत के बयान से सहमत है?
मिश्रा ने मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान से मांग की है की यदि उनके प्रदेश में कानून का राज है तो वे चंद्रावत के खिलाफ प्रकरण दर्ज करने में देरी न करें, जैसा कि वे अपने वैचारिक विरोधियों के खिलाफ तत्परता दिखाते हैं,वैसी ही इस प्रकरण में दिखाएँ....।