
क्या मांगें हैं अतिथि शिक्षकों की
अतिथि शिक्षको की विभागीय परीक्षा ली जाऐ।
सत्र 2017/18 में अतिथि शिक्षकों को यथावत् कार्य अनुभव के आधार पर नियुक्ति मे प्राथमिकता/ वरीयता दी जाऐ।
केन्द्र सरकार द्वारा प्रस्तावित आदेशानुसार डीएलएड डिप्लोमा प्राप्त करने का अधिकार अतिथि शिक्षको को भी प्राप्त हो।
अतिथि शिक्षकों ने ऐलान किया है कि जब तक हमारी उक्त मांगों का लिखित आदेश नही होगा तब तक यह संख्या आंदोलन स्थल नही छोडेगी और न ही नेतृत्व कर्ता को छोड़ेगे। बता दें कि अतिथि शिक्षकों की नई भर्ती में पुराने अतिथि शिक्षकों को बाहर किया जा रहा है। अतिथि शिक्षक इस बात से नाराज हैं। उनका कहना है कि ऐसा करके शासन उनका अनुभव छीन रही है। ऐसी स्थिति में उन्हे संविदा शिक्षक भर्ती में भी लाभ नहीं मिलेगा।