
न्यायाधीश रिचर्ड हैगवुड ने शाह को सशर्त जमानत दे दी और अब वह उत्तरपूर्वी लंदन के स्नैर्सब्रुक क्राउन कोर्ट में 27 सितंबर को सुनवाई के लिए पेश होगा। न्यायाधीश ने कहा, ‘इन मामलों से क्राउन कोर्ट में ही निपटा जा सकता है या ये वे मामले हैं जो उन विषयों से जुड़े हैं जिनपर क्राउन कोर्ट में ही सुनवाई की जा सकती है।’ अदालत से कहा गया कि शाह को ब्रिटेन की जनरल मेडिकल काउंसिल (जीएमसी) ने जनरल प्रैक्टिसनर के पद से निलंबित कर दिया है।
उसके सरकार द्वारा वित्त पोषित नेशनल हेल्थ सर्विस (एनएचएस) के पास मौजूद चिकित्सा दस्तावेज हासिल करने पर रोक लगा दी गयी है। उसके जमानत की शर्त में कहा गया है कि वह पूर्वी लंदन के अपने पूर्व स्वास्थ्य केंद्र पर नहीं जाएगा और ना ही वहां के किसी भी मौजूदा या पूर्व मरीजों या कर्मचारियों से संपर्क करेगा ये मामले जून, 2004 से जुलाई 2013 के बीच के हैं।