न्यायालय को जब कभी कोई रुपये बनाने वाले कारखाने, सिक्योरिटी प्रिंटिंग प्रेस, स्टाम्प या लेखन सामग्री नियंत्रक कार्यालय के अधिकारी द्वारा कोई साक्ष्य मँगवाया जाता है या अधिकारी को गवाही के लिए बुलाना भी आवश्यक होगा, तो तब न्यायालय किस प्रकार की कार्यवाही करेगा, जानिए।
भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 328 की परिभाषा
कोई भी दस्तावेज जो रुपये छपाई कारखाने, किसी सिक्योरिटी प्रिंटिंग प्रेस, स्टाम्प छपाई कार्यालय के प्रश्नगत दस्तावेज को साक्ष्य के रूप में जाँच, विचारण या अन्य कार्यवाही के लिए न्यायालय में केंद्रीय सरकार की सूचना द्वारा बुलाया जा सकता है एवं उक्त कार्यालय के प्रभारी अधिकारियों को बुलाना आवश्यक नहीं होगा। यदि न्यायालय ठीक समझता है, तो वह ऐसे अधिकारी को समन जारी कर उसकी जाँच रिपोर्ट की विषयवस्तु की परीक्षा करवा सकता है।
ऐसा कोई जाँच अधिकारी न्यायालय में आने से पहले अपने कार्यालय के महाप्रबंधक, किसी भारसाधक अधिकारी, विभाग के सरकारी परीक्षक, राज्य परीक्षक की आज्ञा के बिना:-
(क) कोई भी शासकीय दस्तावेज, जिन पर साक्ष्य रिपोर्ट आधारित है, नहीं देगा।
(ख) किसी भी सामग्री या वस्तु की परीक्षा के दौरान परीक्षण को प्रकट करने के लिए अनुज्ञात नहीं होगा।
लेखक✍️बी.आर. अहिरवार (पत्रकार एवं विधिक सलाहकार होशंगाबाद)। Notice: this is the copyright protected post. do not try to copy of this article)
डिस्क्लेमर - यह जानकारी केवल शिक्षा और जागरूकता के लिए है। कृपया किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई से पहले बार एसोसिएशन द्वारा अधिकृत अधिवक्ता से संपर्क करें।
विनम्र अनुरोध🙏कृपया हमें गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें। सबसे तेज अपडेट प्राप्त करने के लिए टेलीग्राम चैनल सब्सक्राइब करें एवं हमारे व्हाट्सएप कम्युनिटी ज्वॉइन करें।
नियम कानून से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी के लिए कृपया स्क्रॉल करके सबसे नीचे POPULAR Category में Legal पर क्लिक करें।
कृपया गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें यहां क्लिक करें |
टेलीग्राम चैनल सब्सक्राइब करने के लिए यहां क्लिक करें |
व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करने के लिए यहां क्लिक करें |
X-ट्विटर पर फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें |